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Bundelkhand Dayri

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अकाल में याद आई जल सुरंगे 
रवीन्द्र व्यास 

अकालसेजूझतेबुंदेलखंडमेंलोगोंकोसदियोंपुरानीजलसहेजनेपरम्पराऔरउसकामहत्त्वसमझआनेलगाहै।मानोअकालनेलोगोंकीअकलकेताले  खोलनेमेंचाबीकाकामकिया। 1744 मेंपड़ेभीषणअकालनेपन्नानगरमेंएकऐसाजलतंत्रविकसितहुआकीपत्थरोंकेइसनगरमेंकभीपानीकासंकटपैदानहींहुआ।परइस बारकेअकालनेपन्नामेंभीपानीका संकट पैदा करदिया।संकटपैदाहुआतो अबसमाधानकीदिशामेंप्रशासनऔरलोगोंकेप्रयास शुरूहोगए।अबलोगोंकोअपनेधर्मसागरतालाबऔरउसकी 56  कुओंसेजुडीजलसुरंगोकी याद आनेलगी है ।
इसबारजबपन्नाकाकभीनासूखनेवालाधर्मसागरतालाबजबसूखनेलगातोप्रशासनकोआनेवालेखतरेका

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सामाजिकतासेदूरसामाजिकपंचायते

रवीन्द्रव्यास बुंदलेखंडमेंगाँवऔरसमाजकीपंचायतोंकाअपनाएकअलगमहत्वछत्रसालकेशासनकालमेंरहाहै।गाँव -गाँवमेंछत्रशालीचबूतरोंपरपंचबैठकरसामाजिकऔरआपसीसंघर्षकानिपटाराकरतेथे।पचोकेनिर्णयकोराज्यकीमान्यताथी।औरआजकेदौरमेंपंचायतकेफैसलेसामाजिकतासेदूरऐसेहोरहेहैंकीसभ्यसमाजशर्मिंदाहोरहाहै। पिछलेदिनोंबुंदेलखंडकेटीकमगढजिलेमेएकमहिलाकोसमाजकीपंचायतकेफैसलेकेकारणआत्महत्यामजबूरहोनापड़ा।सामाजकीपंचायतकेफैसलेकेकारणआत्महत्याकाबुंदेलखंडइलाकेमेंयहसंभवतःपहलामामलाहै।अबतककेइसतरहकेपंचायतीफैसलोंमेंपंचायतेव्यक्तिऔरउसकेपरिवारकोसामाजिकदंडदेकरअपनीचौधराहटकायमरखतीथी। यहव्यवस्थाबुंदेलखंडकेग्रामीणहीनहींशहरीइलाकोंमेंभीकईजगहदेखनेकोमिलजातीहै।टीकमगढ़कीइसघटनाकेबादएकऔरघटनाछतरपुरनगरमेंसामनेआईजिसमेएकयुवककीशादीसिर्फइसकारणटूटगईक्योंकिउसकेपरिवारकाहुक्कापानीसमाजकेलोगोंनेबंदकररखाथा