संदेश

September, 2015 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं
चित्र
बुंदेलखंड :
दफ़न होते तन और दाल के लिए जान गंवाते लोग 
रवीन्द्र व्यास 
गरीबी के चलते आदिवासी का शव दफनाने को मजबूर होता आदिवासी समाज , दाल की जुगाड़ में उरद की कटी फसल चोरी की,  देखने वाले को   मौत के घाट उतार  ,दिया । बुंदेलखंड में सूखी फसल और कर्ज का बोझ - चार किसानो ने मौत को गले लगाया , किस्मत से एक बच गया ।  बुंदेलखंड इलाके की ये तस्वीरें बताती हैं की यहां की पीर को समझने का कोई प्रयास नहीं करता है या समझ कर जानबूझ कर इसे अनदेखा किया जाता है ।       सागर जिले  के कुडारी  गाँव में एक आदिवासी के शव को परिजनों ने इसलिए दफना दिया, क्योंकि उनके पास दाह संस्कार के लिए लकड़ियों के लिए पैसा नहीं था।  थोना आदिवासी (50) उसका परिवार जंगल में लकड़ियां बीनकर अपना जीवन चलाता था  । इसके पास अपने ही अंतिम संस्कार के लिए लकड़ियाँ नहीं जुड़ पाई , और ना ही लकड़ियाँ खरीदने को पैसा थे । क्योंकि जो पैसा इस आदिवासी  परिवार के पास था ,  वह थोना के इलाज में खर्च हो गया । और इलाज के दौरान ही ४ सितम्बर को उसकी मौत हो गई । सागर से महज ८ किमी की दूरी पर बसे  इस गाँव  के लिए ४ सितम्बर का दिन वह  दुर्भाग्य शाली दिन …
नशे की लत में डूबा बचपन अभिषेक व्यास  राष्ट्र का भविष्य कहे जाने वाले बच्चों में नशा़खोरी की लत इस तेज़ी से बढ़ रही है कि दस वर्ष की आयु में प्रवेश करते ही ज़्यादातर बच्चे विभिन्न प्रकार के नशीले और मादक पदार्थों का सेवन करने लगते हैं। .
संयुक्त राष्ट्र संघ के नारकोटिक्स नियंत्रण बोर्ड की वर्ष 2009 की रिपोर्ट में बताया गया है कि दस से ग्यारह वर्ष की आयु के 37 प्रतिशत स्कूली विद्यार्थी विभिन्न प्रकार के मादक पदार्थों का सेवन करने लगते हैं और वे नशा़खोरी की आदत के शिकार हो जाते हैं. सबसे ज़्यादा चिता की बात है अति ग़रीब और ग़रीब वर्ग के बच्चों की, जो सबसे ज़्यादा नशे की गिरफ़्त में आ रहे हैं.
संयुक्त राष्ट्र संघ के नारकोटिक्स नियंत्रण बोर्ड की वर्ष 2009 की रिपोर्ट में बताया गया है कि दस से ग्यारह वर्ष की आयु के 37 प्रतिशत स्कूली विद्यार्थी विभिन्न प्रकार के मादक पदार्थों का सेवन करने लगते हैं और वे नशा़खोरी की आदत के शिकार हो जाते हैं.
अब यह बात किसी से छुपी नहीं है कि ये बच्चे तंबाखू, गुटखा से लेकर गांजा, अ़फीम, चरस, हेरोईन जैसे घातक मादक पदार्थो का सेवन करते हैं. इन बच्चों के माता-पिता और वयस्क …

पैर में पड़ी चांदी की छड़ के लिए ह्त्या कर काटा पैर

चित्र
रवीन्द्र व्यास  बुंदेलखंड के  टीकमगढ़  जिले के अतौरा    गांव में एक माँ ने अपने बेटे को खाना खिलाकर  इस आशा से घर से जाने दिया की वह धान के खेत में पानी डाल कर वापस आ जाएगा । ४  सितम्बर  की वह मनहूस शाम याद कर उसकी  बूढ़ी आँखे अब पथरा गई हैं  जब  उसे पता चला की उसके बेटे की ह्त्या कर दी गई है ।  ह्त्या भी सिर्फ इसलिए  की गई की    पैर में पड़ी चांदी की छड़  पाने लिए । हत्यारों ने  पैर काट  कर,  शव को फेक कर फरार हो गए । 
जिले के  बड़ागांवधसानथानेकेग्रामअंतौरा  में  मातम पसरा  है । गाँव  का  त्रिलोक सिंह ४सितम्बरकी शाम अपने खेत पर पानी देने  गया था । जबत्रिलोकसिंहकाकहींपतानहींचलातोउसकीमांकुसुमराजाकी रिपोर्ट पर पुलिसने 6 सितम्बर गुमइंसानकायमकियाथा । खुद गाँव वाले  जब  सोमवारकोत्रिलोकसिंहखोज  में लगे तोगांवसेकरीब१किमीदूरनंदू आदिवासीकेखेतकेपासत्रिलोकसिंहकाशवपड़ामिलात्रिलोकसिंहकाएकपैरशवसेकुछहीदूरीपड़ाथा, जिसेधारदारहथियारसेकाटागयाथातथासिरमेंभीधारदारहथियारोंकीचोटेंथीं। मिलनसार व्यक्ति  त्रिलोक की मौत के सम्बन्ध में गाँव वाले और परिवार वाले किसी भी रंजिश से इंकार करते हैं । ह्त्या की वजह जो गाँव वालो…

घायल बाघिन की हुई सर्जरी

चित्र
/ पन्ना टाइगर रिजर्व में विगत दिनों  दो बाघिनों  के संघर्ष में घायल हुई  पन्ना 234  बाघिन ,की  सर्जरी की गई ।  इलाज के बाद उसे स्वछंद विचरण हेतु छोड़ा गया । पन्ना २३४ बाघिन ९ अगस्त को तब घायल हो गई थी जब उसका   पन्ना 233  से संघर्ष  हुआ था ।                                      टाइगर रिजर्व के क्षेत्र संचालक ने अपनी अधिकृत जानकारी में बताया है की  क्षेत्राधिकार हेतु दोनों में  द्वन्द  हुआ था। पन्ना-234 का   जब निरीक्षण किया तो  उसके के गले में तीन घाव पाये गये।  वन्यप्राणी चिकित्सक के द्वारा पन्ना-234 का इलाज किया गया। 01.09.2015 को पन्ना 234 का फोटोग्राफ लिया गया जिसमें पाया गया कि घाव स्वतः ठीक होने की स्थिति में नहीं है। ऐसी स्थिति में  प्रबन्धन ने  निर्णय लिया कि बाघिन को बेहोष कर रेडियो कॉलर हटाने एवं घाव की सर्जरी करने की कार्यवाही की जाये।                                            डॉ. ए.बी. श्रीवास्तव, डीन, सेन्टर फार वाइल्डलाइफ फोरेन्सिक एण्ड हेल्थ जबलपुर ने  2.सितम्बर  को बाघिन पन्ना-234 को परिक्षेत्र पन्ना कोर के बीट जरधोवा में बेहोष कर सर्जरी करने की कार्यवाही की । सर्जरी…